हमीरपुर। पुलिस द्वारा राजनीतिक दबाव के कारण की गई कार्रवाई के खिलाफ बुधवार को हमीरपुर सदर के विधायक आशीष शर्मा ने एक पत्रकार वार्ता को संबोधित किया। आशीष शर्मा ने कहा कि उनकी छवि को धूमिल करने के लिए षडयंत्र के तहत राजनीति से प्रेरित यह कार्रवाई हमीरपुर पुलिस उपाधीक्षक एवं।उनकी टीम द्वारा की गई है। अपने पद का दुरुपयोग कर जिस तरह से हमीरपुर पुलिस उपाधीक्षक ने एक झूठी एफआईआर उनके परिवार सदस्य के ऊपर दर्ज करवाई है। उसके खिलाफ डीजीपी, पुलिस अधीक्षक हमीरपुर, उपायुक्त हमीरपुर और थाना प्रभारी सुजानपुर को लिखित में शिकायत दी है। अगर पुलिस एफआईआर दर्ज नहीं करती है तो माननीय अदालत का दरवाजा खटखटाया जाएगा एवं अपने आकाओं को खुश करने के लिए पुलिस अधिकारी द्वारा की गई कार्रवाई के खिलाफ मामला दर्ज करने के मांग की जाएगी। उन्होंने कहा कि सच को दबाया नहीं जा सकता है, राजनीतिक दबाव में आपने झूठी कार्रवाई तो कर दी है लेकिन हमीरपुर की देवतुल्य जनता के आशीर्वाद से मैं और मेरा परिवार ऐसी झूठी एफआईआर से घबराने वाले नहीं है। शंकर महादेव और क्षेत्र की जनता के आशीर्वाद के साथ इन झूठे एवं भ्रष्ट अधिकारियों के खिलाफ पूरे दमखम से लड़ा जाएगा।
उन्होंने कहा कि क्रशर पर जाकर वहां की संपत्ति के साथ छेड़छाड़ व लूट की गई है। तथ्यों को।मिटान के लिए सीसीटीवी की हार्ड ड्राइव भी लूट के ले गए हैं। प्रेस नोट जारी कर कहा गया है कि चार टिपर, एक पोकलेन, दो जेसीबी एवं मिक्सर जब्त किया गया है। जबकि सीसीटीवी में साफ तौर पर दिख रहा है कि यह सभी वाहन खड़े हैं और क्रशर पर सिर्फ दो कर्मचारी हैं। ऐसे में वहां क्या अवैध खनन होगा? जो मटेरियल क्रशर पर मौजूद है वह पहले से वहां पड़ा है। जिसका ब्यौरा खनन विभाग के पास है। लेकिन अधिकारिणी आकाओं को खुश करने के लिए यह कार्रवाई की जो बिल्कुल झूठी है। उन्होंने कहा कि बीते डेढ़ साल से सत्ताधारी उनके ऊपर झूठी एफआईआर के दबाव बनान की कोशिश कर रहे हैं लेकिन वह उनकी इन कार्रवाई से डरने वाले नहीं हैं। आरोप लगाकर यह सत्ताधारी केवल जनता को गुमराह करने के लिए यह षड्यंत्र रच रहे हैं जबकि एक भी सबूत आज तक नहीं ला पाए हैं। लाएंगे कहां से क्योंकि ऐसा कुछ है नहीं। वह जनसेवा के लिए राजनीति में आए हैं लेकिन यह लोग राजनीति में अपना घटिया स्तर जनता के समक्ष रख रहे हैं । महादेव और देवतुल्य जनता के आशीर्वाद से यह लड़ाई बिना किसी डर और दबाव से लड़ी जाएगी और न्यायालय के माध्यम से सच्चाई सभी के सामने लाई जाएगी।
