बड़ा शर्मनाक: सीएम के गृह जिले में जल शक्ति विभाग की पानी की जगह ‘बेपानी’ की कार्यवाही!

जिला मुख्यालय से महज एक किलोमीटर दूर, मुख्यमंत्री के अपने गृह जिले में ही, जल शक्ति विभाग की लापरवाही और उदासीनता का ऐसा नजारा देखने को मिल रहा है जो प्रशासनिक व्यवस्था पर एक बड़ा सवाल खड़ा करता है। अनु वार्ड नंबर एक की मुख्य सड़क, जो हमीरपुर को आवा देवी और धर्मपुर से जोड़ती है, पिछले दस महीनों से जल विभाग की अधूरी परियोजनाओं और लापरवाही की मूक गवाह बनी हुई है।

*सड़क बनी ‘नर्दमा’, जनता परेशान*
सड़क के बीचों-बीच जल शक्ति विभाग की पुरानी पाइपलाइन से लगातार पानी का रिसाव हो रहा है। इसके चलते सड़क का एक बड़ा हिस्सा जलमग्न रहता है और यहाँ एक गहरा गड्ढा (खड्ड) बन गया है। रोजाना सैकड़ों की संख्या में डिग्री कॉलेज के छात्र-छात्राएं, कामकाजी लोग और स्थानीय निवासी इस रास्ते से गुजरते हैं, जिन्हें गंदे पानी के छींटों और कीचड़ भरे रास्ते से अपनी रोजमर्रा की जद्दोजहद करनी पड़ रही है। लोगों को डर है कि इस गंदे पानी के संपर्क में आने से कोई गंभीर बीमारी भी फैल सकती है।

*दस महीने से अधूरा पड़ा है टैंक, अधिकारियों पर लापरवाही के आरोप*
स्थानीय दुकानदारों और निवासियों का आरोप है कि जल शक्ति विभाग ने अनु क्षेत्र में एक पानी के टैंक का निर्माण तो शुरू किया, लेकिन दस महीने बीत जाने के बाद भी उसमें एक बूंद पानी नहीं डाला गया है। लोगों का कहना है कि अगर यह किसी निजी व्यक्ति की पाइपलाइन होती तो तुरंत मरम्मत का काम शुरू हो जाता, लेकिन चूंकि यह सरकारी विभाग का मामला है, इसलिए कोई भी अधिकारी इस ओर ध्यान देने को तैयार नहीं है।

एक स्थानीय निवासी ने गुस्से में कहा, “ये अधिकारी अपने ठंडे-ठंडे कमरों में बैठकर सिर्फ ऐश का मजा लेते हैं। उन्हें जनता की परेशानियों से कोई सरोकार नहीं है। अगर जिला मुख्यालय से सटे इलाके की यह हालत है, तो दूर-दराज के गाँवों का क्या होगा? इनका मकसद सिर्फ अपनी जेब गर्म करना है, जनता की सेवा करना नहीं।”

यह मामला एक गंभीर सवाल खड़ा करता है: क्या सरकारी विभागों की जवाबदेही सिर्फ कागजों तक ही सीमित है? जिला मुख्यालय की सीमा पर हो रही इस लापरवाही के बाद आम जनता का सरकारी मशीनरी पर से विश्वास उठता नजर आ रहा है। जनप्रतिनिधियों और वरिष्ठ अधिकारियों का इस ओर ध्यान जाना बेहद जरूरी है, वरना जनता के टैक्स के पैसों से चलने वाले ये विभाग अपना अस्तित्व ही खो देंगे।

powan dhiman
Author: powan dhiman

Leave a Comment

error: Content is protected !!