हिमाचल प्रदेश में पंचायत चुनावों को लेकर सरगर्मियां तेज हो गई हैं। शुक्रवार को नामांकन वापसी के अंतिम दिन प्रदेशभर से 66 पंचायतें सर्वसम्मति (निर्विरोध) से चुन ली गई हैं। इन सभी निर्विरोध चुनी गई पंचायतों को प्रदेश सरकार की ओर से विकास कार्यों के लिए 25-25 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी। अभी तक मिले डाटा के अनुसार प्रदेश में 104 पंचायतें निर्विरोध चुनी जा चुकी हैं। इसमें कांगड़ा और किन्नौर जिलों का डाटा अभी नहीं मिल पाया है। राज्य चुनाव आयोग के अनुसार जिन पंचायतों में सर्वसम्मति नहीं बन पाई है, वहां 26, 28 और 30 मई को तीन चरणों में मतदान करवाया जाएगा।
शिमला अव्वल, हमीरपुर में एक भी पंचायत निर्विरोध नहीं
निर्विरोध पंचायतें चुनने के मामले में शिमला जिला पूरे प्रदेश में सबसे आगे रहा है, जहां सर्वाधिक 42 पंचायतें निर्विरोध चुनी गई हैं। वहीं, हमीरपुर प्रदेश का एकमात्र ऐसा जिला रहा, जहां एक भी पंचायत में सर्वसम्मति नहीं बन पाई और कोई पंचायत निर्विरोध नहीं चुनी गई।
किस जिले में कितनी पंचायतें चुनी गईं निर्विरोध
शिमला जिले में नाहौल, मतियाना, देवरीघाट, भोगड़ा, क्यारा, ग्वाईदेवी मोड, बलग, घूंड, कूट, बधाल, अंटापू-बटाड़ी, जगोठी, रनोल, धमवाड़ी, खरशाली, थाना, अम्बोई, दियूदी-मायला, पेखा, भौलड़ व कोटखाई सहित 42 पंचायतें शामिल हैं। सिरमौर जिले में 24 पंचायतें निर्विरोध बनी हैं।
